जहाँ मदद चाहिए, वहां हमें पाइए (हमारा सहयोग हर जगह)

वैश्विक कोरोना संक्रमण की आई आपदा से जहां पुरे विश्व में हडकंप और त्राहि त्राहि मची हुई है, वही लाक-डाउन से गरीबो को दो वक्त की रोटी भी नहीं पा रही है| केवल भोजन मिले पेट भरे, की आस लगाए बेचारे गरीब असहाय से हो गए है| हालाकि इस पुनीत और पुन्य कार्य में सामाजिक संस्थाए दिन रात एक कर भोजन की व्यवस्था में लगी है और शासन के साथ यथा संस्थाये भी सेवा कर रही है
अन्य जिलो और राज्यों में हमारी संस्था से जुड़े सदस्यों के माध्यम से हमारी संस्था जरुरतमंदो को अन्न प्रदान कर लोगो की सहायता हो रही है|









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